By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept

K News 18

Latest & Breaking News Updates In Hindi

  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Search
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Reading: वनस्पतियां और वन्य जीव, जिनका अस्तित्व खतरे में, कमला नेहरु कालेज में वाइल्ड लाइफ वीक पर सेमिनार
Share
Sign In
Notification Show More
Font ResizerAa

K News 18

Latest & Breaking News Updates In Hindi

Font ResizerAa
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
Search
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
K News 18 > Blog > राज्य > छत्तीसगढ़ > वनस्पतियां और वन्य जीव, जिनका अस्तित्व खतरे में, कमला नेहरु कालेज में वाइल्ड लाइफ वीक पर सेमिनार
छत्तीसगढ़राज्य

वनस्पतियां और वन्य जीव, जिनका अस्तित्व खतरे में, कमला नेहरु कालेज में वाइल्ड लाइफ वीक पर सेमिनार

Last updated: 2024/10/06 at 6:35 PM
Share
3 Min Read
वनस्पतियां और वन्य जीव, जिनका अस्तित्व खतरे में, कमला नेहरु कालेज में वाइल्ड लाइफ वीक पर सेमिनार
SHARE

कोरबा

हमारे जंगल और घरों के आस-पास की झाड़ियों के बीच कई ऐसी वनस्पतियां और वन्य जीव हैं, जिनका अस्तित्व खतरे में है। प्रकृति, पर्यावरण व पारिस्थितिकी तंत्र का वे महत्वपूर्ण अंग हैं ही, भविष्य में जीव जगत में उनका न होना असंतुलन का कारण भी बन सकता है।

बीजा-सलीहा जैसी शुद्ध देशी इमारती वृक्ष और चनहौर, कलिहारी जैसी दुर्लभ जड़ी-बूटियां भी उस लिस्ट में शामिल हैं, जिन्हें संरक्षण-संवर्धन की बजाय सिरे से अनदेखा किया जा रहा है। यही स्थिति रही तो वह परिस्थिति बनने में ज्यादा वक्त नहीं लगेगा, जब हम कहेंगे कि अब वे विलुप्त हुए। हमें हमारी अपनी यानी भारत की इस प्राकृतिक धरोहर को सहेजने के लिए समय रहते व्यापक और सार्थक प्रयास की विशेष जरुरत है।

यह बातें छत्तीसगढ़ विज्ञान सभा कोरबा इकाई सचिव दिनेश कुमार ने कमला नेहरु महाविद्यालय में आयोजित सेमिनार में छात्र-छात्राओं को मार्गदर्शन प्रदान करते हुए कहीं। गुरुवार को छत्तीसगढ़ विज्ञान सभा कोरबा इकाई के सहयोग व महाविद्यालय के प्राणीशास्त्र विभाग के तत्वावधान में इस सेमिनार सह विशेषज्ञ व्याख्यान का आयोजन किया गया। कमला नेहरु महाविद्यालय के प्राचार्य डा प्रशांत बोपापुरकर के मार्गदर्शन में आयोजित, इस कार्यक्रम को सफल बनाने प्राणीशास्त्र के सहायक प्राध्यापक वेदव्रत उपाध्याय, निधि सिंह एवं रसायनशास्त्र विभाग की विभागाध्यक्ष गायत्री साहू ने अहम भूमिका निभाई।

अनियंत्रित दोहन से खत्म हो रही सफेद मूसली
छत्तीसगढ़ विज्ञान सभा कोरबा इकाई के सचिव दिनेश कुमार ने यह भी बताया कि सदियों से भारत के वन्य क्षेत्रों में रहने वाले लोग अपने मर्ज के लिए जड़ी-बूटियों का बखूबी प्रयोग करते रहे हैं। अब न केवल जंगल के गर्भ में फलने-फूलने और लहलहाने वाली उन दुर्लभ वनस्पतियों की पहचान करने वाले विरले हैं, उन जड़ी-बूटियों का अस्तित्व भी धूमिल होता जा रहा है। औषधीय गुणों वाली इन वनस्पतियों में सफेद मूसली, चनहौर और कलिहारी भी शामिल हैं, जो अनियंत्रित दोहन के चलते विलुप्ति की कगार पर हैं। इन्हें बचाना हम सभी की जिम्मेदारी है और खासकर विद्यार्थी होने के नाते उन्हें जानना, उनकी पहचान करना और आने वाली पीढ़ी के लिए संरक्षित करना और भी जरुरी हो जाता है।

You Might Also Like

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में शासन के द्वारा 10 बसें संचालित: सुकमा के सुदूर अंचलों में आवागमन हुआ आसान, जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना…..

राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से महिलाओं को मिली नई पहचान: हर्बल गुलाल निर्माण से आत्मनिर्भर बनीं झाटीबिन की दीदियां…..

होली खुशियों और जुड़ाव का अवसर, किसानों की समृद्धि से बढ़ा उत्साह – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….

स्वतंत्रता संग्राम सेनानी मछुआ सहकारी समिति के सदस्यों को मिला आजीविका का सहारा, 96 हेक्टेयर जलक्षेत्र में मछली पालन से कमा रहे 01 लाख 50 हजार रूपए…..

रंगों के साथ खुशहाली- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किसानों को दी बड़ी सौगात: किसानों को समृद्धि का उपहार-कृषक उन्नति योजना से खातों में पहुंची अंतर राशि….

October 6, 2024 October 6, 2024
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Previous Article गरबा कार्यक्रम में आए गायक दानिश का सर्व हिंदू संगठन के लोगों ने नारेबाजी करते हुए किया विरोध
Next Article केक के पाए गए खतरनाक तत्व, हो सकता है कैंसर
- Advertisement -
Ad imageAd image
- Advertisement -
Ad imageAd image

Stay Connected

235.3k Followers Like
69.1k Followers Follow
11.6k Followers Pin
56.4k Followers Follow
136k Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow

ताजा ख़बरें

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में शासन के द्वारा 10 बसें संचालित: सुकमा के सुदूर अंचलों में आवागमन हुआ आसान, जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना…..
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में शासन के द्वारा 10 बसें संचालित: सुकमा के सुदूर अंचलों में आवागमन हुआ आसान, जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना…..
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से महिलाओं को मिली नई पहचान: हर्बल गुलाल निर्माण से आत्मनिर्भर बनीं झाटीबिन की दीदियां…..
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से महिलाओं को मिली नई पहचान: हर्बल गुलाल निर्माण से आत्मनिर्भर बनीं झाटीबिन की दीदियां…..
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
होली खुशियों और जुड़ाव का अवसर, किसानों की समृद्धि से बढ़ा उत्साह – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….
होली खुशियों और जुड़ाव का अवसर, किसानों की समृद्धि से बढ़ा उत्साह – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
स्वतंत्रता संग्राम सेनानी मछुआ सहकारी समिति के सदस्यों को मिला आजीविका का सहारा, 96 हेक्टेयर जलक्षेत्र में मछली पालन से कमा रहे 01 लाख 50 हजार रूपए…..
स्वतंत्रता संग्राम सेनानी मछुआ सहकारी समिति के सदस्यों को मिला आजीविका का सहारा, 96 हेक्टेयर जलक्षेत्र में मछली पालन से कमा रहे 01 लाख 50 हजार रूपए…..
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
//

यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

संपादक - Pragya Telang
मोबाइल - 7999882386
ईमेल - [email protected]
कार्यालय - G2 Amrit Niwas , Gandhi Nagar , Gudhiyari , Raipur , Chhattisgarh
March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
« Feb    
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
  • Home
  • About Us
  • Contact Us
  • MP Info RSS Feed
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?