By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept

K News 18

Latest & Breaking News Updates In Hindi

  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Search
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Reading: ई-अटेंडेंस रिपोर्ट: इंदौर-भोपाल पिछड़े, इस जिले ने बनाया नंबर-1
Share
Sign In
Notification Show More
Font ResizerAa

K News 18

Latest & Breaking News Updates In Hindi

Font ResizerAa
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
Search
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
K News 18 > Blog > राज्य > मध्यप्रदेश > ई-अटेंडेंस रिपोर्ट: इंदौर-भोपाल पिछड़े, इस जिले ने बनाया नंबर-1
मध्यप्रदेशराज्य

ई-अटेंडेंस रिपोर्ट: इंदौर-भोपाल पिछड़े, इस जिले ने बनाया नंबर-1

News Desk
Last updated: 2025/11/08 at 8:29 PM
News Desk
Share
4 Min Read
ई-अटेंडेंस रिपोर्ट: इंदौर-भोपाल पिछड़े, इस जिले ने बनाया नंबर-1
SHARE

जबलपुर
नगरीय निकायों के अधिकारी-कर्मचारियों की उपस्थिति की निगरानी सुनिश्चित करने एवं कार्यप्रणाली में पारदर्शी लाने के उद्देश्य से लागू की गई ई-अटेंडेंस में जबलपुर नगर निगम आगे हैं। इंदौर-भोपाल जैसे शहरों के मुकाबले फेस रिकॉग्निशन (चेहरे की पहचान) के आधार पर जबलपुर नगर निगम के लगभग 62 प्रतिशत अधिकारी-कर्मचारी हाजिरी लगाने लगे हैं। आंकड़ों पर गौर करें तो जबलपुर नगर निगम में 8 हजार 782 नियमित, संविदा के अलावा चार हजार से ज्यादा आउटसोर्स कर्मचारी पंजीकृत है, जिसमें लगभग 5 हजार 400 अधिकारी-कर्मचारी ई-अटेंडेंस लगा रहे हैं।

हालांकि इनमें अब भी शत प्रतिशत ई-अटेंडेंस नही लग रही है, जबकि इंदौर नगर निगम में 25 हजार 445 में से लगभग 13 हजार 600 ही ई-अटेंडेंस लगा रहे हैं। हालांकि यहां भी आउटसोर्स कर्मियों का आंकड़ा ज्यादा है। वहीं भोपाल में 19 हजार 996 पंजीकृत अधिकारी, कर्मचारियों में से लगभग 12 हजार 500 ही ई-अटेंडेंस लगवा रहे हैं।
 
फिलहाल इन आंकड़ों पर यकीन करें तो संचालनालय नगरीय प्रशासन एवं विकास से जारी आदेश में जबलपुर नगर निगम ई-अटेंडेंस प्रक्रिया को अपनाने में आगे नजर आ रहा हैं। विदित हो कि नगरीय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कर्मचारियों की उपस्थिति केवल फेस रिकॉग्निशन (चेहरे की पहचान) के आधार पर ही मान्य होगी। नवंबर माह का वेतन भी ई-अटेंडेंस के आधार पर देय होगा।

प्रशिक्षण, समझाइश, लगातार निगरानी से बढ़े आंकड़े
-शासन स्तर पर प्रदेश भर के नगरीय निकायों में अनिवार्य किए गए ई-अटेंडेंस लगवाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी है।

– ई-अटेंडेंस फेस रिकग्निशन यानि चेहरा पहचान बायोमेट्रिक तकनीक से स्मार्ट फोन के माध्यम से अटेंडेंस लगाने से पहले कर्मचारियों की उपस्थिति को जियो स्पेशल लोकेशन से जोड़ा गया है ताकि उनकी उपस्थित कार्यालय पहुंचकर या संबंधित बीट के दायरे पर आने पर ही दर्ज हो।

– निगम नगर निगम मुख्यालय सहित सभी 16 जोन कार्यालय के नियमित, संविदा अधिकारी-कर्मचारियों के साथ ही ठेकेदार व उनके कर्मचारियों को मोबाइल के माध्यम से ई-अटेंडेंस लगाने का प्रशिक्षण दिया गया। बताया गया कि ई-अटेंडेंस के लिए अपने कार्यालय के परिसर के दायरे से ही लगाना होगा।

– स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और ठेकेदारों को सुबह-सुबह बीटवार सफाई कर्मचारियों को स्मार्ट फोन के माध्यम से अपनी-अपनी उपस्थिति सुनिश्चित कराने पर जोर दिया गया।

निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार लगातार बैठकें कर समीक्षा कर रहें। ई अटेंडेंस के नोडल अधिकारी, सहायक नोडल भी ई-अटेंडेंस की निगरानी कर रहे। जिन कर्मचारियों की ई-अटेंडेंस आधार कार्ड या अन्य तकनीकी कारणों से नही लग रही उसका भी निदान करवाते हुए अटेंडेंस सुनिश्चित करवा रहे हैं।

फर्जीवाड़ा भी आएगा सामने
बहरहाल फेस रिकाग्निशन (चेहरे की पहचान) अाधारित ई-अटेंडेंस की अनिवार्यता के बाद उन कर्मचारियों का पता चलेगा जो कागजाें में तो दर्ज हैं, परंतु कार्यालय नही आते। खासतौर से आउट सोर्स के नाम पर किए जा रहा फर्जी भुगतान पर रोक लगेगी। क्योंकि विभागीय अधिकारियों की सांठगाव से ये खेल हो रहा है। सफाई के नाम पर वार्डों में 40-40 सफाई कर्मचारी भेजने का दावा कर भुगतान तो ले लेते हैं परंतु वास्तव में आधे कर्मचारी भी वार्डों में नहीं भेज रहे हैं। निरीक्षण के दौरान इस तरह के मामले सामने आ चुके हैं। जिसमें वार्ड स्तर पर सुपरवाइजर के साथ मिलकर ऐसे दो उपस्थिति रजिस्टर बनाए गए थे जिनमें से एक में मौजूद सफाई कर्मचारियों की वास्तविक उपस्थिति और दूसरे में फर्जी उपस्थिति दर्ज पाई गई। ठेकेदारों पर जुर्माना भी लगाया गया था।

You Might Also Like

महामहिम राज्यपाल गोद ग्राम टेमरी में निःशुल्क कैंसर जांच शिविर आयोजित, 101 मरीजों की हुई जांच

मलेरिया पर निर्णायक प्रहार जारी, एक भी मृत्यु न हो यही हमारा लक्ष्य : स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल….

शिक्षा जीवन बदलने की सबसे बड़ी ताकत: वित्त मंत्री ओपी चौधरी…..

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के विजन को रेखांकित करेगी ‘मुस्कुराता बस्तर’ कार्टून कार्यशाला…

जलापूर्ति योजनाओं के दीर्घकालीन सुचारू संचालन के लिए जल संचय और जल संरक्षण जरूरी – उप मुख्यमंत्री अरुण साव….

News Desk November 8, 2025 November 8, 2025
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Previous Article मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना बन रही लोगों के लिए संजीवनी मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना बन रही लोगों के लिए संजीवनी
Next Article धर्मांतरण विवाद: शव दफनाने को लेकर हंगामा, प्रशासन की हस्तक्षेप से सुलझा मामला, दूसरे जिले में किया गया अंतिम संस्कार धर्मांतरण विवाद: शव दफनाने को लेकर हंगामा, प्रशासन की हस्तक्षेप से सुलझा मामला, दूसरे जिले में किया गया अंतिम संस्कार
- Advertisement -
Ad imageAd image
- Advertisement -
Ad imageAd image

Stay Connected

235.3k Followers Like
69.1k Followers Follow
11.6k Followers Pin
56.4k Followers Follow
136k Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow

ताजा ख़बरें

महामहिम राज्यपाल गोद ग्राम टेमरी में निःशुल्क कैंसर जांच शिविर आयोजित, 101 मरीजों की हुई जांच
महामहिम राज्यपाल गोद ग्राम टेमरी में निःशुल्क कैंसर जांच शिविर आयोजित, 101 मरीजों की हुई जांच
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
मलेरिया पर निर्णायक प्रहार जारी, एक भी मृत्यु न हो यही हमारा लक्ष्य : स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल….
मलेरिया पर निर्णायक प्रहार जारी, एक भी मृत्यु न हो यही हमारा लक्ष्य : स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल….
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
शिक्षा जीवन बदलने की सबसे बड़ी ताकत: वित्त मंत्री ओपी चौधरी…..
शिक्षा जीवन बदलने की सबसे बड़ी ताकत: वित्त मंत्री ओपी चौधरी…..
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के विजन को रेखांकित करेगी ‘मुस्कुराता बस्तर’ कार्टून कार्यशाला…
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के विजन को रेखांकित करेगी ‘मुस्कुराता बस्तर’ कार्टून कार्यशाला…
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
//

यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

संपादक - Pragya Telang
मोबाइल - 7999882386
ईमेल - [email protected]
कार्यालय - G2 Amrit Niwas , Gandhi Nagar , Gudhiyari , Raipur , Chhattisgarh
July 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
2728293031  
« Jun    
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
  • Home
  • About Us
  • Contact Us
  • MP Info RSS Feed
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?