By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept

K News 18

Latest & Breaking News Updates In Hindi

  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Search
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Reading: बंदूक की गूंज से फलों और फूलों की महक तक का सफर: बस्तर में साग-सब्जी, फलों की खेती से चमत्कारिक बदलाव….
Share
Sign In
Notification Show More
Font ResizerAa

K News 18

Latest & Breaking News Updates In Hindi

Font ResizerAa
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
Search
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
K News 18 > Blog > राज्य > छत्तीसगढ़ > छत्तीसगढ़ जनसंपर्क > बंदूक की गूंज से फलों और फूलों की महक तक का सफर: बस्तर में साग-सब्जी, फलों की खेती से चमत्कारिक बदलाव….
छत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ जनसंपर्क

बंदूक की गूंज से फलों और फूलों की महक तक का सफर: बस्तर में साग-सब्जी, फलों की खेती से चमत्कारिक बदलाव….

News Desk
Last updated: 2025/11/10 at 11:09 PM
News Desk
Share
5 Min Read
बंदूक की गूंज से फलों और फूलों की महक तक का सफर: बस्तर में साग-सब्जी, फलों की खेती से चमत्कारिक बदलाव….
SHARE

रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की नक्सल उन्मूलन की नीतियों और किसानों की आय बढ़ाने वाली योजनाओं ने बस्तर में विकास की नई इबारत लिख दी है। बस्तर के किसानों ने पारंपरिक धान, सरसों की खेती के साथ-साथ अब साग-सब्जी, फल, फूल की खेती से भी फायदा लेना शुरू कर दिया है। अब बस्तर में गोलियों की गूंज की जगह फलों और फूलों की खुशनुमा महक बिखर रही है। बस्तर में यह बदलाव कोई संयोग नहीं, बल्कि मेहनत, नवाचार और दूरदर्शिता का परिणाम है। वर्ष 2001-02 में सब्जियों की खेती महज 1,839 हेक्टेयर में सिमटी थी और उत्पादन केवल 18,543 मीट्रिक टन था। आज वही इसमें लगातार वृद्धि हुई है जिसका परिणाम है की अब सब्जियों का रकबा 12,340 हेक्टेयर चुका है और उत्पादन 1.90 लाख मीट्रिक टन तक पहुंच चुका है।

बंदूक की गूंज से फलों और फूलों की महक तक का सफर

बस्तर विश्व पटल पर एक ऐसा नाम जो कभी नक्सल की काली छाया और पिछड़ेपन की गहरी खाई में डूबा माना जाता था, आज वह बस्तर कृषि के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक परिवर्तन का साक्षी बन रहा है। छत्तीसगढ़ के इस आदिवासी बहुल इलाके में अब पारम्परिक खेती के स्थान पर टमाटर और मिर्च की खेती न केवल आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश कर रही है, बल्कि पड़ोसी राज्यों के बाजारों तक अपनी पहुंच भी बना रही है। अब बस्तर की मिट्टी में ड्रैगन फ्रूट की लालिमा, अमरूद की मिठास, चकोतरा की ताजगी, पपीते का रस और मिर्च की तीखापन खेतों में लहलहा रहे हैं। वे फल एवं मसाले जो कभी यहां उत्पादित नहीं हुए अनुकूल वातावरण और वैज्ञानिक सलाह से विकास की नई गाथा लिख रहे हैं।

बंदूक की गूंज से फलों और फूलों की महक तक का सफर

बस्तर में फलों की बगिया 643 हेक्टेयर से बढ़कर 14,420 हेक्टेयर तक पहुंच गई है एवं उत्पादन 4,457 मीट्रिक टन से बढ़कर 64,712 मीट्रिक टन हो गया। यहां के किसानों द्वारा राज्य निर्माण के पूर्व कभी व्यापारिक स्तर पर फूलों की खेती नहीं की गयी थी आज वहां 207 हेक्टेयर में 13 सौ मीट्रिक टन फूलों का उत्पादन हो रहा है। इसी प्रकार मसाले इस क्षेत्र में सीमित मात्रा में उत्पादित होते थे अब 11 सौ  हेक्टेयर से 9,327 मीट्रिक टन मसालों का उत्पादन यहां हो रहा है। औषधीय एवं सुगंधित पौधे जो कभी सीमित मात्रा में होते थे उनका भी किसानों द्वारा 66 सौ मीट्रिक टन से अधिक का उत्पादन किया जा रहा है।

इस हरित क्रांति में शासन की योजनाओं एवं आधुनिक तकनीक से आमूल चूल परिवर्तन दिखाई दिए हैं। एक ओर जहां किसानों को रियायती दरों पर आदान समाग्री प्राप्त हुई है वहीं शेडनेट योजना, प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना, राष्ट्रीय बागबानी मिशन से किसानों का उद्यानिकी फसलों की ओर रुझान बढ़ा है। जिसका मुख्य कारण लगातार तकनीकी मार्गदर्शन और सहायतासे है। जिससे किसानों ने लाभ लेकर जिले में 3.80 लाख वर्गमीटर क्षेत्र में शेडनेट हाउस लगाए गए हैं, करीब 19 हजार वर्गमीटर में पॉली हाउस, शेडनेट द्वारा 1.47 लाख वर्गमीटर में हाईब्रिड बीज भी तैयार किए जा रहे हैं जिनके लिए उन्हें शासन द्वारा अनुदान भी प्राप्त हुआ है।जगदलपुर के आसना में प्लग टाइप वेजिटेबल सीडलिंग यूनिट भी स्थापित है जो रोग-मुक्त पौधे न्यूनतम कीमत पर किसानों को मुहैय्या करवा रहे हैं।

बंदूक की गूंज से फलों और फूलों की महक तक का सफर

सिंचाई के क्षेत्र में भी लगभग 3.5 हजार हेक्टेयर में ड्रिप इरिगेशन सिस्टम बिछाकर पानी की हर बूंद को सोना बनाया जा रहा है। ऑयल पाम योजना के तहत 735 हेक्टेयर में 499 किसानों द्वारा आधुनिक तरीकों से पाम की खेती की जा रही है वहीं बास्तानार में 58.64 हेक्टेयर में विशेष रूप से कॉफी एवं 20 हेक्टेयर में ड्रैगन फ्रूट की कृषि की जा रही है।

बस्तर की यह यात्रा आंकड़ों से कहीं आगे है, यह उन सैकड़ों किसानों की मुस्कान है, जो कभी बादलों के रहम पर जीते थे और आज तकनीक, प्रशिक्षण और सरकार की योजनाओं के सहारे अपने सपने बुन रहे हैं। माओवादियों की बंदूकें अब खामोश हैं, और खेतों में नई फसलें गुनगुना रही है। बस्तर के लोग अब आजीविका के समुचित साधनों के जरिए जीवन-यापन को बेहतर करने सहित खिलखिला रह रहे हैं।

You Might Also Like

छत्तीसगढ़ पर्यटन बुकिंग के नाम पर फर्जीवाड़े से सावधान, पर्यटन बोर्ड की पर्यटकों से अपील—फर्जी वेबसाइट, बुकिंग लिंक, मोबाइल नंबर और सोशल मीडिया से रहें सतर्क….

तस्वीरों ने ताजा कीं मुख्यमंत्री विष्णुदेवसाय की पुरानी यादें: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ‘दृश्य संवाद 2026’ के समापन समारोह में हुए शामिल….

सौर ऊर्जा के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ बनेगा देश का अग्रणी राज्य : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय…..

नई सरकार के गठन के बाद 11 लाख से अधिक प्रधानमंत्री आवास पूर्ण, प्रथम कैबिनेट में 18 लाख से अधिक प्रधानमंत्री आवास निर्माण का लिया गया था संकल्प….

मनेंद्रगढ़ महाविद्यालय को प्रदेश के उत्कृष्ट संस्थानों में करेंगे विकसित: स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल….

News Desk November 10, 2025 November 10, 2025
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Previous Article प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लौहपुरुष की विरासत को और सशक्त बनाया – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय…. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लौहपुरुष की विरासत को और सशक्त बनाया – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय….
Next Article नक्सल लीडरों के परिजनों से मुलाकात कर उपमुख्यमंत्री ने की पुनर्वास की अपील…. नक्सल लीडरों के परिजनों से मुलाकात कर उपमुख्यमंत्री ने की पुनर्वास की अपील….
- Advertisement -
Ad imageAd image
- Advertisement -
Ad imageAd image

Stay Connected

235.3k Followers Like
69.1k Followers Follow
11.6k Followers Pin
56.4k Followers Follow
136k Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow

ताजा ख़बरें

तस्वीरों ने ताजा कीं मुख्यमंत्री विष्णुदेवसाय की पुरानी यादें: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ‘दृश्य संवाद 2026’ के समापन समारोह में हुए शामिल….
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
छत्तीसगढ़ पर्यटन बुकिंग के नाम पर फर्जीवाड़े से सावधान, पर्यटन बोर्ड की पर्यटकों से अपील—फर्जी वेबसाइट, बुकिंग लिंक, मोबाइल नंबर और सोशल मीडिया से रहें सतर्क….
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
सौर ऊर्जा के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ बनेगा देश का अग्रणी राज्य : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय…..
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
नई सरकार के गठन के बाद 11 लाख से अधिक प्रधानमंत्री आवास पूर्ण, प्रथम कैबिनेट में 18 लाख से अधिक प्रधानमंत्री आवास निर्माण का लिया गया था संकल्प….
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
//

यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

संपादक - Pragya Telang
मोबाइल - 7999882386
ईमेल - [email protected]
कार्यालय - G2 Amrit Niwas , Gandhi Nagar , Gudhiyari , Raipur , Chhattisgarh
August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
« Jul    
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
  • Home
  • About Us
  • Contact Us
  • MP Info RSS Feed
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?